ज्ञान पाने की सच्ची विधि प्रयोग है। कुछ नया करने से कभी डरें नहीं । इंसान से सब कुछ छीना जा सकता है- लेकिन एक चीज कभी छीनी नही जा सकती वो है किसी भी परिस्थिति में अपना रुख व मार्ग पसंद करने की ताकत । डटे रहो – बढ़ते रहो ! धैर्य-सातत्य ।
उत्तम से उत्तम इंसान भी दूसरों के तिरस्कार – अपमान – निंदा का शिकार बन सकता है । विरोध में रहा सत्य और खुशामद में रहा असत्य अगर परख लेने की कला हम आत्मसात कर लें तो हमें कोई ना तो भटका सकता है और ना ही हमारी उन्नति को कोई रोक सकता है।
बस, हम इतनी कला सीख लें तो महानता की ऊँचाई पर पहुँच जायेंगे ।
सब कुछ गँवा देने के बाद भी अगर आगे बढ़ने की हिम्मत है तो विश्वास रखिए, हमने कुछ भी गँवाया नहीं । अपने आप पर अदम्य, अटूट आत्मविश्वास – अवश्य, हमें सफल बनाकर रहेगा !

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