पूज्य पिताश्री, सादर वंदन ! भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को – ‘यदेच्छसि तथा कुरु’ – जैसी इच्छा हो वैसा कर ! – ऐसा कह दिया ! अपने ढंग से निर्णय लेने – सही निर्णय लेने के लिए योग्य बनाया, और ऐसा निर्णय लेने की स्वतंत्रता भी दी । गुरु, आचार्य या शिक्षक का काम विद्यार्थी [...]
होली पर संदेश समय के साथ संबंध भी जैसे डिजिटल होते जा रहे हैं । पास-पास में बैठे लोग मोबाइल, गैजेट्स में ऐसे खोए से रहते हैं कि वे पास होने पर भी वर्चुअल दुनिया में खोए रहते हैं । पास होने पर भी मन से दूर होते हैं । चैटिंग की आदत भी ऐसी [...]
Welcome 2023 ! नए साल में बनायें सूर्य नमस्कार को आदत... क्यों ना नए साल में योगा को एक स्वस्थ आदत बनाई जाए। योगमय जीवन प्रारंभ करने के उद्देश्य से सूर्य नमस्कार एक संपूर्ण अभ्यास है । हररोज पाँच मिनट से लेकर पंद्रह मिनट तक का ही समय निकालना पर्याप्त है।
ईश्वर ने जो विपरीत परिस्थितियाँ भेजी, मैं उसकी कृपा की समीक्षा कर रहा हूँ और उस परीक्षा में मुझे लग रहा है कि मैं उत्तीर्ण हो रहा हूँ। यह आनंद की बात है। जीवन में आने वाले कष्टों में मैं कितना स्थिर रह पाया और वे विपरीत परिस्थितियाँ मेरे ऊपर कितनी बेअसर हुई इसका में [...]
समता दिवस: 4 दिसंबर "समत्वं योग उच्यते।" आज का दिवस प्रतीक है उन संतों की समता का जो लाख कष्ट, विपरीत परिस्थियों एवं प्रतिकूलताओं के बीच भी क़ायम रहती है।
मुझे यह जानकर बहुत प्रसन्नता हुई कि न्यूयॉर्क,अमेरिका में 2023 से दीपावली को सार्वजनिक अवकाश यानी पब्लिक हॉलिडे के रूप में अनुपालन किया जाएगा । भारतीय संस्कृति और पर्वों का विदेशों में अस्तित्व बढ़ा रहा है...उन्हे सहर्ष स्वीकर करके मनाया जा रहा है...यह विश्व में भारत के बढ़ते हुए सम्मान और गौरव में एक प्रशंसनीय कदम [...]
नवरात्रि के अंतिम दिन हो अपनी जननी मातृशक्ति का पूजन ! जितने भी समर्पित सेवारत साधक भाई बहने हैं, उनके समर्पण, गुरुप्रेम, सेवा भाव और निष्ठा के पीछे उनके माता पिता का महत्व पूर्ण योगदान और हाथ है ।पूज्य साईं जी का यह कहना है कि नवरात्रि का अंतिम दिवस यानी दशहरे से एक [...]
मैं और मेरा परिवार लगभग २० वर्षों से पूज्य साँईंजी से जुड़ा हुआ है । हम सभी सौभाग्यशाली हैं की हमें उनका निरंतर गुरु प्रेम मिलता रहा । उनकी करुणा का बखान करने के लिए शब्द नहीं है । मेरी बेटी की शादी को ८ वर्ष होने पर भी बच्चा नहीं हो रहा था । [...]
इस दुनिया में हम नहीं चाहते हों ऐसा, न अच्छा लगता हो ऐसा, और कभी सोचा भी न हो ऐसा हो जाता है। हकीकत ये है कि ये सिलसिला अनादिकाल से चल रहा है और चलता ही रहेगा । इस कटु सत्य को स्वीकार करते हुए, बैचेन, अशांत और तनावग्रस्त रहने की अपेक्षा ईश्वर की [...]
वैलेंटाइन डे के रूप में पाश्चात्य की अंधी दौड़ जो दुनिया दौड़ रही थी अब पिछले कुछ वर्षों से इस अंधी दौड़ से रुख बदलकर ओजस्वी भारत का आध्यात्मिक दृष्टिकोण लेकर मातृ-पितृ पूजन दिवस महोत्सव एक नई परंपरा का प्रारंभ कर रहा है और इतिहास रच रहा है । भारत के इस दिव्य महोत्सव को आत्मसात [...]
ये वसंत पंचमी कल थी । वसंतोत्सव का, वसंत ऋतु का शुभारंभ हो रहा है और मातृ-पितृ पूजन दिवस के इस कार्यक्रम में आप सम्मिलित हुए है । देश-विदेश में यह कार्यक्रम बड़े धूमधाम से, बड़े पैमाने पर बहुत श्रद्धा, आदर और माता-पिता, गुरुजनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने के उद्देश्य के साथ मनाया जा [...]
विश्व ने फिर से कुछ दिन पहले एक महान तत्वचिंतक, स्थितिप्रज्ञ महापुरुष को खो दिया है... 22 जनवरी 2022 को वियतनामी बुद्धिस्ट ब्रह्मज्ञानी संत थिक न्यात हान वैश्विक चेतना में लीन हो गए। उनको ओजस्वी परिवार की तरफ से भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पण करते हुए हम उनके कुछ श्रेष्ठ प्रवचनों के अंश चिंतन प्रसाद के रूप [...]
जब कोई भी डर, और संघर्ष का मुक़ाबला करने का नहीं होता तब समझो ज़िंदगी का आधा रस ही समाप्त हो गया! इसलिए हर डर, हर संघर्ष का पूरे मन से मुक़ाबला करते रहो... !
एक खास बात है - कि लगभग हर मनुष्य स्वयं को अतृप्त, अपरिपूर्ण महसूस करता है ! हर मानव पूर्ण तृप्ति, पूर्ण संतुष्टि चाहता है परंतु उसे लाख कोशिशें करने के बावजूद भी तृप्ति , संतुष्टि मिलती नहीं है ! क्यों ? क्योंकि सही मार्ग से बेखबर है ! गुजरात के पोरबंदर में एक निलेश [...]
शरद पूर्णिमा पर नारायण साँईं का संदेश... आप सभी को शरद पूर्णिमा की हार्दिक बधाई देता हूँ । नवरात्र व दशहरा (विजयादशमी) के बाद अब दीपावली के प्रकाश पर्व की बेसब्री से प्रतीक्षा हो रही है । शरद पूर्णिमा के बाद तोड़े गए आँवलों का महत्व है और इन आँवलों से बना च्यवनप्राश बहुत गुणकारी [...]